पाकिस्तान के बलूचिस्तान में आतंकी हमला, सुरक्षाबलों को निशाना बनाया
क्वेटा। पाकिस्तान में शुक्रवार को सुरक्षाकर्मियों को ले जा रहे एक वाहन के पास सड़क किनारे हुए शक्तिशाली बम विस्फोट में चार सैनिकों की मौत हो गई और तीन अन्य घायल हो गए। पुलिस प्रमुख नवीद अहमद के अनुसार यह हमला बलूचिस्तान की राजधानी क्वेटा में हुआ। किसी भी समूह ने अब तक बम विस्फोट की जिम्मेदारी नहीं ली है।
संदेह बलूच विद्रोहियों पर होने की आशंका
संदेह बलूच विद्रोहियों पर होने की आशंका है। गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने बम विस्फोट की निंदा की। यह ताजा हमला बलूचिस्तान के कलात में एक वाहन पर बम हमले में तीन की मौत के एक दिन बाद हुआ है।
पाक सैनिकों ने खैबर पख्तूनख्वा में छह आतंकवादियों को मार गिराया
पाकिस्तान के सुरक्षा बलों ने खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में खुफिया जानकारी के आधार पर चलाए गए अभियान के दौरान छह आतंकवादियों को मार गिराया, सेना की मीडिया शाखा ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
रिपोर्ट अनुसार, उत्तरी वजीरिस्तान की सीमा से लगे बन्नू जिले में आतंकवादियों की मौजूदगी की सूचना मिलने पर 23-24 अप्रैल की रात को अभियान शुरू किया गया था।
पाकिस्तानी सैनिकों ने आतंकवादियों के ठिकाने पर कब्जा कर लिया
आईएसपीआर ने एक बयान में कहा कि अभियान के दौरान, पाकिस्तानी सैनिकों ने आतंकवादियों के ठिकाने पर प्रभावी तरीके से कब्जा कर लिया और भीषण गोलीबारी के बाद छह आतंकवादियों को जहन्नुम भेज दिया गया, जबकि चार अन्य घायल हो गए। इसमें कहा गया है कि शेष बचे आतंकवादियों को खत्म करने के लिए अभियान चलाया जा रहा है।
नवंबर 2022 में प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) के साथ संघर्ष विराम समझौते के टूटने के बाद पाकिस्तान में आतंकवादी घटनाओं में वृद्धि देखी गई है, खासकर खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान प्रांतों में।
डीपफेक तकनीक के गलत इस्तेमाल पर रोक लगाने की मांग
बाजार में हाहाकार! Sensex धड़ाम, Nifty 23100 के नीचे फिसला
दोनों खिलाड़ियों की दोस्ती सोशल मीडिया पर चर्चा में
LPG सप्लाई बढ़ाने पर सरकार की घोषणा, राज्यों को मिलेगा 10% अतिरिक्त कोटा
मुख्यमंत्री ने घटना को बताया बेहद दुखद और पीड़ादायक
प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में बनाए गए डिप्टी सेक्रेटरी
प्रशिक्षण के बाद जश्न में डूबे BJP नेता, कांग्रेस ने उठाए सवाल
क्रिकेट जगत में त्योहार को लेकर दिखा उत्साह
गृहमंत्री का बयान- “ये बहिष्कार नहीं, पलायन है”
कुछ विशेषज्ञों ने प्रदर्शन के आधार पर समर्थन किया