दिग्गज क्रिकेटर मनोज तिवारी ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट से संन्यास का किया एलान
भारत के दिग्गज क्रिकेटर मनोज तिवारी ने रणजी ट्रॉफी 2024 में बंगाल बनाम बिहार के मैच के बाद फर्स्ट क्लास क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला किया है। बंगाल टीम के कप्तान
मनोज तिवारी ने सोशल मीडिया पर रणजी ट्रॉफी से संन्यास की घोषणा की और एक इमोशनल मैसेज लिखा। उन्होंने अपने करियर और अपने घरेलू मैदान ईडन गार्डन्स के प्रति अपने प्यार के बारे में भी बताया। बंगाल के इस बल्लेबाज ने फैंस से अपील भी कि वह आए और उनका समर्थन करें, क्योंकि वह अपने आखिरा मैच खेलने उतरेंगे।
मनोज तिवारी ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट से संन्यास का किया एलान
दरअसल, पूर्व भारतीय क्रिकेटर मनोज तिवारी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक लंबा मैसेज लिखा कि सभी को नमस्कार, तो.. यह एक आखिरी पारी का समय है। संभवत: अपने प्रिय 22 गज की ओर लंबी सैर के लिए आखिरी बार मुझे इसकी हर चीज याद आएगी।
उन्होंने आगे कहा कि इतने वर्षों तक मुझे प्रोत्साहित करने और प्यार करने के लिए आपका धन्यवाद। अगर आप सभी कल और परसों मेरे होम ग्राउंड ईडन गार्डन में बंगाल को सपोर्ट करने आएंगे तो बहुत अच्छा लगेगा। क्रिकेट का एक वफादार सेवल, आपका मनोज तिवारी।
मनोज तिवारी ने साल 2015 के बाद भारत के लिए नहीं खेला मैच
साल 2008 में वनडे क्रिकेट में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ डेब्यू करने वाले मनोज तिवारी ने टीम इंडिया के लिए कुल 12 वनडे और 3 टी20 इंटरनेशनल मैच खेले हैं। वनडे में उन्होंने 287 रन बनाए, जिसमें एक शतक और 1 अर्धशतक शामिल है। वनडे के अलावा उन्होंने टी20 में 3 मैच खेलते हुए सिर्फ 15 रन बनाए। आईपीएल में मनोज तिवारी ने 98 मैच खेले , जिसमें उनके बल्ले से 1685 रन निकल। भारत के लिए मनोज तिवारी ने अपना आखिरी मैच साल 2015 में खेला था।
राशिफल: जानिए, कैसा रहेगा आपका आज का दिन (23 फ़रवरी 2026)
सशक्त समाज निर्माण में शिक्षा और संगठन की भूमिका अहम : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत का किया आत्मीय स्वागत
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुनी ‘मन की बात’ की 131वीं कड़ी
मालवा की अनुकूल भौगोलिक स्थिति और सुदृढ़ अधोसंरचना से औद्योगिक विकास को मिली नई गति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय की पहल ‘देखो अपना देश’ से जागा युवाओं में उत्साह
देश के प्रत्येक व्यक्ति को जनजातीय इतिहास को जानना चाहिए: चीफ जस्टिस न्यायमूर्ति सूर्यकांत
27 दिनों तक चिकित्सकों की देखभाल से नन्हीं जान को मिला नया जीवन
नवाचार और तकनीक से मध्यप्रदेश को बनाया जायेगा अग्रणी कृषि राज्य : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
"मन की बात" देश और देशवासियों की उपलब्धियों को सामने लाने का एक प्रभावी प्लेटफार्म : मुख्यमंत्री डॉ. यादव